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| ४९ | " " नं. ५ | २२३ |
| ५० | " " नं. ६ | २२८ |
| ५१ | " " नं. ७ | २३४ |
| ५२ | अज्ञेयवाद | २३८ |
| ५३ | न्यायमूर्ती रानडे यांची ब्रह्ममीमासा | २४१ |
| ५४ | " " नं. २ | २४५ |
| ५५ | " " नं. ३ | २४७ |
| ५६ | भारत वर्ष | २५१ |
| ५७ | स्फूट | २५५ |
| सन १९०० पृष्ठ २५७ ते २८० | ||
| ५८ | श्रीशिवाजी महाराजांची जन्मतिथि | २५७ |
| ५९ | पचागशोधन | २६८ |
| ६० | पेशवाईतील कारभार, रीतरिवाज आणि नीतिमत्ता | २७२ |
| ६१ | पंचागशोधन | २७७ |
| सन १९०१ पृष्ठ २८१ ते ३२२ | ||
| ६२ | कै. न्या. महादेव गोविंद रानडे | २८१ |
| ६३ | कै. विष्णुशास्त्री चिपळूणकर यांच्या वेळची स्थिती | २८८ |
| ६४ | कै. विष्णुशास्त्री चिपळूणकर | २९४ |
| ६५ | ज्ञेयाज्ञेय मीमासा | ३०४ |
| ६६ | " " उत्तरार्ध | ३०८ |
| ६७ | श्री. गायकवाड सरकार यांचा वेदात | ३१२ |
| ६८ | मराठे आणि वेदोक्त कर्म | ३१६ |
| ६९ | " " नं. २ | ३१९ |
| सन १९०२ पृष्ठ ३२३ ते ३३४ | ||
| ७० | रा. टिळक याचे नागपूर येथील व्याख्यान | ३२३ |
| ७१ | श्रीस्वामी विवेकानंद हे समाधिस्थ झाले | ३२७ |
| ७२ | युनिव्हर्सिट्या उर्फ सरकारी हमालखाने | ३३१ |
| सन १९०३ पृष्ठ ३३५ ते ३६७ | ||
| ७३ | बडोदें राज्यांतील बालविवाहाचा कायदा | ३३५ |
| ७४ | कै. श्रीधर गणेश जिनसीवाले | ३४० |
| ७५ | प्रो. रानडे यांचा नवा इंग्रजी व मराठी कोश | ३४७ |
| ७६ | हिंदुधर्मावरील अलिकडचीं कांहीं पुस्तकें | ३५३ |
| ७७ | हर्बर्ट स्पेन्सर | ३५७ |